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बिना इन्टरनेट के कीजिये चैटिंग शेयरिंग और बहुत कुछ पढिये पूरी पोस्ट

 NVRTHUB Resource:  इन्टरनेट एक ऐसा व्यापक शब्द है जिसको एक हथियार के तौर पे भी उपयोग लाया जाता है और क्रांति के रूप में भी। देश दुनिया में  इंटरनेट की आज़ादी को लेकर बहस छिड़ी हुई है। हर सरकार इन्टरनेट की आजादी पर लगाम लगाना चाहती है जिसको लेकर सभी लोगो में सरकार के प्रति गुस्सा है। लेकिन अब मोबाइल की दुनिया में एक ऐसी तकनीक आ गई है जिसे  दूसरी क्रांति कहा जा रहा है। इस तकनीक का नाम 'मेश नेटवर्क' है।
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इस टेक्नोलॉजी में वो साडी खूबियां हैं जो मोबाइल फ़ोन की दुनिया में दूसरी क्रांति ला सकती है। 'मेश नेटवर्क' तकनीक की सहायता से संचार की दुनिया में लोगों को इंटरनेट की मुख्यधारा के प्रयोग के बिना ही आपस में जोड़ा जा सकता है। अक्सर देखा जाता है कि भूमिगत रेलों में, जंगलों में या गांवों में जाने से मोबाइल नेटवर्क ग़ायब हो जाता है। कभी किसी स्थान पर आधिकारिक रूप से नेटवर्क ब्लॉक भी कर दिया जाता है। ऐसे में चैटिंग कर पाना या मैसेज भेज पाना नामुमकिन हो जाता है। 'मेश नेटवर्क' इस समस्या को बहुत आसानी से हल कर सकता है।
अक्सर अंडरग्राउंड मेट्रो या माइंस में मोबाइल सिग्नल टूट जाते हैं। 'मेश नेटवर्क' इंटरनेट की मुख्यधारा से इतर 'ऑफ-द-ग्रिड' संचार का आदान-प्रदान करता है। इसकी क्षमता भी बहुत ज़्यादा है। इसका इस्तेमाल आपदा राहत प्रयासों में, जहां नेटवर्क बहुत खऱाब हो या सरकार विरोधी प्रदर्शनों के दौरान एक दूसरे से जुड़े रहने के लिए किया जा सकता है।
इसकी तकनीक को सरल अर्थ में कह सकते हैं कि यह एक साइकिल के पहिए की तरह काम करता है। जिसकी हर डंडी एक केंद्रीय बिंदु से जुड़ी होती है। फिर वह केंद्रीय बिंदु मोबाइल फ़ोन नेटवर्क, इंटरनेट नेटवर्क या कंप्यूटर सर्वर ही क्यों न हो। अगर आप के फ़ोन में नेटवर्क नहीं आ रहा तो भी आप 'मेश नेटवर्क' के जरिए रेंज में आने वाले दूसरे मोबाइल फ़ोन को मैसेज भेज सकते हैं।
सोशल वेबसाइट फेसबुक ने भी अपना फीचर दिया गया हिया जिसमे आपकी पहचान  छुपी रहगी 'मेश नेटवर्क' का अपना कोई सेंट्रल कनेक्शन बिंदु नहीं होता। इसके बावजूद नेटर्वक की प्रत्येक डंडी अपने आप में 'वेब्ड नोड' की तरह काम करती है और बड़ी ही कुशलता से नेटवर्क के रेंज में आने वाले दूसरे मोबाइल से कनेक्ट कर लेती है।
इसका मतलब है कि बिना किसी मुख्यधारा की नेटवर्क के भी किसी भी मैसेज को आसानी से एक जगह से दूसरी जगह पहुंचाया जा सकता है। फ़ायरचैट नाम का एक ऐप कुछ इस तरह का ही काम कर रहा है। फ़ायरचैट को मार्च में ही लॉन्च किया गया था लेकिन इसे दुनिया भर में लाखों लोगों ने डाउनलोड किया है। कुल मिलाकर ये एप्प यूज़र्स को मैसेज, फ़ोटो और वीडियो भेजने देता है, ये तब तक संभव है जब तक कि आसपास ऐसी डिवाइस हों जो सिग्नल को आगे बढ़ा सकें। इस एप्प को हाल ही में एंड्रॉयड पर भी जारी किया गया। इन्टरनेट यूजरस के लिए नई क्रांति आने वाली है जिससे की आम लोगो को फायदा हो।
 
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