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3 माह का रुद्र, एक दिन बाद जमीन के भीतर रोया...और बच गईं 4 जिंदगियां

पुणे के मालिण गांव पर पहाड़ टूटा है। 70 शव निकाले जा चुके हैं। हर घर में किसी किसी की जान गई है। पर रुद्र के घर में सब सलामत हैं। मां भी और दादा-दादी भी। महज तीन माह के रुद्र ने सबको बचा लिया। वो भी सिर्फ रोकर।
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बुधवारतड़के तीन बजे जब मालिण गांव पर पहाड़ टूटा तो रुद्र की मां उसे दूध पिला रही थी। घर में दादा-दादी बगल के कमरे में सो रहे थे। जब तक कोई कुछ समझ पाता पानी, मिट्टी और पत्थरों से भरा मलबा घर के टीन के छप्पर पर गिरा और टीन की छत टूटकर इन पर गिरी। इसी टीन की छत ने मलबे को इन तक पहुंचने से रोक लिया। पूरा घर मिट्टी में दब गया था, लेकिन इनकी सांसें चलती रहीं। मलबे में दबे होने की वजह से इनका खुद बाहर निकल पाना नामुमकिन था। जैसे-जैसे वक्त बीत रहा था, आसपास हवा कम हो रही थी। 6-7 घंटे तक जिंदगी की जंग लड़ने के बाद पूरा परिवार बेहोशी की हालत में पहुंच गया। इस बीच बचाव दल मौके पर पहुंच चुके थे। मलबा हटाया जा रहा था, शव निकाले जा रहे थे। एक दिन बीत चुका था। गुरुवार दोपहर बाद गीली मिट्टी के नीचे से रोने की बेहद हल्की आवाज आई। एनडीआरएफ की टीम फौरन हरकत में आई। दो-ढाई घंटे लगे और अंतत: बचाव दल बच्चे तक पहुंच गया। वहीं उसकी मां भी मिली और पास ही में दादा-दादी भी। तीनों बेहोश थे। फौरन सबको हॉस्पिटल पहुंचाया गया। डॉक्टरों ने बताया कि थोड़ी और देर होती तो किसी को बचाना संभव था। अब सब सलामत हैं। रुद्र भी खिलखिला रहा है। उसके पिता जो पुणे में काम करते हैं वे भी गए हैं।


पीएमटी फर्जीवाडा:एक और आरोपी की गिरफ़्तारी 

मध्य प्रदेश: पीएमटी फर्जीवाड़ा कांड के आरोपी विशाल यादव को पुलिस ने जिला अदालत में पेश किया। पुलिस ने विशाल को 2004 में फर्जी तरीके से पीएमटी पास करने के मामले में पेश किया था। जिला अदालत में पुलिस ने पूछताछ का हवाला देते हुए सात अगस्त तक की पुलिस रिमांड की मांग की थी, लेकिन सुनवाई के बाद अदालत ने विशाल को पांच अगस्त तक के लिए पुलिस रिमांड पर सौंप दिया है। गौरतलब है कि गुरुवार को पीएमटी फर्जीवाड़ा कांड के आरोपी विशाल यादव ने एसआईटी के सामने सर्मपण किया था। यह पीएमटी कांड का सरगना दीपक यादव का रिश्तेदार है। विशाल ने साल 2005 में दीपक की मदद से फर्जी तरीके से पीएमटी पास की थी। विशाल की जगह सॉल्वर ने परीक्षा दी थी। उसके बाद विशाल का ग्वालियर के गजराराजा मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस में दाखिला हुआ था। पुलिस ने 2004 के इसी मामले में पूछताछ के लिए विशाल की रिमांड मांगी थी। पुलिस अब विशाल यादव से पूछताछ कर अन्य मामलों का खुलासा करने में जुट गई है। 
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